2016 में लग्जरी कार कंपनियों पर पड़ा बड़ा असर

Punjab Kesari

जालंधर - साल 2016 में लक्जरी कार निर्माताओं को दिल्ली और मुम्बई में काफी निराशा का सामना करना पड़ा है। जानकारी के मुताबिक मर्सिडीज बेंज साल 1994 से भारत में अपनी लक्जरी कारों की बिक्री कर रही है और कंपनी के भारतीय प्रबंध निदेशक रोलाण्ड फोल्गर (Roland Folger) ने कहा है कि यह साल लक्जरी कार उद्योग के लिए कठिन वर्ष रहा है और कंपनी की उम्मीदों पर खरा नहीं उतरा है। 

उन्होंने कहा है कि इसका पहला कारण 2 लीटर डीजल वाहनों का राष्ट्रीय राजधानी में बंद होना है जिससे दो सबसे बड़ी लक्जरी कार निर्माता कंपियां मर्सिडीज बेंज और ऑडी को काफी घाटा सहना पड़ा है। इनके अलावा बीएमडब्ल्यू, जगुआर, लैंड रोवर और वोल्वो कारों की बिक्री में ना ज्यादा कमी आई हैऔर ना ज्यादा वृद्धि हुई है। संपूर्ण रुप से देखा जाए तो 2016 में बाजार में 2 से 3 प्रतिशत की गिरावट आई है। 2016 में कारों के 35,000 यूनिट बेचे गए जो साल 2015 में बेचे गए 36,000 यूनिट्स से कम हैं। अॉडी की कारों में भी 20 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई इसके अलावा वोल्वो ने XC90 और S90 कारों को लेकर धमाकेदार एंट्री की और 2016 में 1750 यूनिट्स की बिक्री की।

इंडस्ट्री ग्रोथ की इस लिस्ट में 25 लाख रुपए से शुरू होगा 2 करोड़ तक जाने वाली कारें ही शामिल हैं। इनमें पोर्श, लेम्बोर्गिनी और फेरारी आदि सुपर कारों की विकास दर मौजूद नही हैं।

साल        कुल उद्योग        विकास

2010      15,704           -

2011       23,980        53%

2012       28,736        20%

2013       30,188        5 %

2014       32,912        6 %

2015       36,000        13%

2016        35,100       (2-3% )