2017 में भी जारी रहेगी सोशल मीडिया पर वजूद की जंग

Punjab Kesari

जालंधरः नए साल में भी सोशल मीडिया दुनिया भर को अपनी गतिविधियों के साथ चलाने की मुहिम में सक्रिय रहेगा। फेसबुक, ट्विटर और इंस्टाग्राम जैसे मशहूर प्लेटफार्म तो मैदान में रहेंगे ही परन्तु इन के सामने कुछ नई ओर चुनौतियां भी पेश आने जा रही हैं। इस जंग में सभी को अपनी भरोसे योग्यता पर फोक्स करना होगा और दूसरों के मुकाबले खुद को यूजर्स फ्रेंडली बनाना होगा। कहा जा रहा है कि आने वाले साल में फेसबुक वीडियो आधारित प्लेटफार्म के रूप में अपनी जगह मज़बूत करेगा। 2016 में हमने इस के वीडियो स्ट्रीमिंग वर्ग में कई बड़े बदलाव देखे। फेसबुक लाइव ने तो कई बड़े अवसर पर अपनी अहमीयत साबित की। तमाम बड़ी हस्तियों ने अपने प्रशंसकों और समर्थकों के साथ फेसबुक लाइव के ज़रिए संपर्क कायम करते दिखे। आइए जानते है इनके बारे मेंः- 

फेसबुकः

फेसबुक को अपनी वायरल होने वाली झूठी खबरों के साथ जूझना होगा। इस को टक्कर देने के लिए गुगल पल्स तो पहले ही मैदान में है। सोशल मीडिया के माहरों का मानना है कि यह दुनिया अब ओर ज़्यादा विजुयल आधारित होने जा रही है। फेसबुक के लाइव वीडियो फीचर इसी कड़ी में एक महत्वपूर्ण कदम है। भारत में अमिताभ वचन ने भी फेसबुक पर लाइव चैट का सिलसिला शुरू किया है। लोग अब फोटो और वीडियो के ज़रिए दुनिया के साथ संपर्क करना चाह रहे हैं। फेसबुक के वर्टीकल वीडियो इश्तिहार बहुत बड़ी क्रांति है। यह टी. वी. के लिए भी चुनौती बन सकता है। 

वीडियो की दुनियाः

यूट्यूब और फेसबुक ने 360 डिग्री वीडियो को मैदान में उतार कर वीडियो स्ट्रीमिंग की दुनिया में बहुत बड़ा प्रयोग किया है। यह 2017 में ओर भी बड़े पैमाने पर इस्तेमाल किया जाएगा। वी. आर. /ए. आर. तकनीक के ज़रिए बड़े-बड़े ब्रांड सोशल मीडिया के इन माध्यम की तरफ आकर्षित होंगे। यूट्यूब ने अपने बेहतरीन क्वालिटी के वीडियो के जरिए यूजर्ज को अपने तरफ आकर्षित किया है। वीडियो की दुनिया में यूट्यूब का दबदबा कायम है।

इंस्टाग्रामः

अपनी फोटो पोस्टिंग के आकर्षक फीचर के कारण इंस्टाग्राम सेलिब्रिटी का फेवरेट है और इसी कारण बड़े-बड़े ब्रांड इसको अपने विज्ञापन का माध्यम बना रहे हैं। आप इंस्टाग्राम की हैसियत का अनुमान इसी से लगा सकते हो कि इसके यूजर सक्रियता के मामलो में फेसबुक और ट्विटर से 54 प्रतिशत तक अधिक हैं। इसका सबसे मज़बूत पक्ष यह है कि इसके आधे से अधिक यूजर इसके ब्रांड को भी फॉलो करते हैं। बड़े -बड़े ब्रांड इंस्टाग्राम को अपना मुख्य प्लेटफार्म बनाना चाहते हैं। विजुयल स्टोरी टैलिंग के कारण यह अपने ग्राहकों के साथ आसानी के साथ कनेक्ट होता जा रहा है। 

1. बिजनैस टूल्स को ओर ज़्यादा विवहारिक ढंग के साथ पेश करना। 

2. लाइव वीडियो के टेस्टिंग के बाद प्रयोग में लाने का यत्न।

3. इंस्टाग्राम स्टोरीज को ओर ज़्यादा बड़े पैमाने पर बढ़ाना।

ट्विटरः

ट्विटर का जलवा कम होता नज़र आ रहा है। 2016 में इसके टाप -6 एग्जिक्युटिव कंपनी छोड़ कर चले गए। पहले यह खबर आई थी कि 140 शब्दों की हद को ट्विटर निकलने वाला है परन्तु ऐसा कुछ नहीं हो सका। ट्विटर ने अमरीका में बस्किटबॉल को लाइव दिखाने के अधिकार को लेकर एक दाव चला है और दूसरे देशों में भी इसी तरह की बड़ी मुहिमें शुरू होने की तैयारी में है। उदाहरण के तौर पर भारत में आई. पी. एल. के अधिकार लेने के यत्न भी ट्विटर  की तरफ से किए जा रहे हैं। यदि ऐसा हुआ तो ट्विटर का विस्तार होगा। फिलहाल मीडिया इंडस्ट्री और सेलिब्रिटी साथ-साथ राजनैतिक हस्तियों का तो ट्विटर फेवरेट मंच बना हुआ ही है। भारत में तो खास तौर'पर।

1. लाइव कंटैंट और ब्राडकास्टिंग पार्टनरशिप को ओर ज़्यादा उत्साह देना।

2. ट्विटर पर अक्सर पेश आने वाले शोषण संम्बंधी मामलों का निपटारा करना।

स्नैपचैट 

2017 में स्नैपचैट अपनी स्थिति को ओर ज़्यादा मजबूत करेगी। इसके इस फीचर का जवाब नहीं कि आप अपनी फोटो शेयर करो और आपके फ़्रैंड जैसे ही इसको देखें और   यह गायब हो जाऐ। सोशल मीडिया के ज़रिए सैकस्टिंग करने वालों के लिए यह चमत्कारी है। स्नैपचैट पर रोजमर्रा की 1.5 करोड़ से अधिक यूजर सक्रिय रहते हैं और अब यह ट्विटर से भी ज़्यादा प्रसिद्ध एप्प बन रही है। इंस्टाग्राम के लिए भी यह खतरा है। 

1. विज्ञापनों की क्वालिटी में ओर ज़्यादा इजाफा करना होगा।

2. नए तरह के सर्कुलर वीडियो प्रमोट का ज़्यादा प्रयोग होगा